डायफ्राम | Find My Method
 
  • तत्काल प्रभावी, यौन संबंध बनाने से कुछ घंटों पहले लगाया जा सकता है और आपके हार्मोन को भी प्रभावित नहीं करता।

  • प्रभावकारिताः डायफ्राम काफी प्रभावी है– शुक्राणुरोधी मलहम (शुक्राणुनाशक) के साथ बेहतर। सही तरीके से प्रयोग करने पर इस्तेमाल करने वाली प्रत्येक 100 में से 94 महिलाएं गर्भवती होने से बच सकेंगी।

  • दुष्प्रभाव/ साइडइफेक्ट्सः ज्यादातर को कई समस्या नहीं लेकिन जलन या मूत्र मार्ग में संक्रमण की संभावना है।

  • प्रयासः बहुत अधिक– प्रत्येक बार यौन संबंध बनाने से पहले आपको इसे सही स्थान पर लगाना होगा लेकिन आप उसे उसके स्थान पर 24 घंटे तक लगा रहने दे सकती हैं।

  • यौन संचारित संक्रमणों (एसटीआई) के प्रति सुरक्षा प्रदान नहीं करता।

सारांश

डायफ्राम सिलिकॉन से बना एक सतही, गुंबद के आकार का कप होता है। आप डायफ्राम को अपनी योनि में डालेंगी। यह आपके गर्भाशय ग्रीवा को ढंक देगा और शुक्राणु को आपके गर्भ से दूर रखेगा। प्रभावी रूप से काम करने के लिए आपको इसे शुक्राणुनाशक के साथ प्रयोग करना होगा।

विवरण

आप अपने शरीर के साथ सहज हैं। यदि आप अपने भीतर अपनी उंगलियां डालने में सहज नहीं हैं तो डायफ्राम आपके लिए सर्वोत्तम विकल्प नहीं है। यह थोड़ा बहुत टैम्पन को लगाने जैसा है। यदि आप ऐसा कर सकती हैं तो आप एक डायफ्राम का प्रयोग कर सकती हैं।

इसमें अनुशासन चाहिए। आपको यौन संबंध बनाने से पहले अपना डायफ्राम लगाना याद रखना होगा और प्रत्येक बार यौन संबंध बनाने से पहले आपको इसे याद रखने की भी जरूरत होगी। इसमें थोड़ा सा स्व– अनुशासित होना और योजना बनानी पड़ती है। लेकिन यदि आप चाहें तो आप इसे खुद के भीतर लगा रहने दे सकती हैं।

उपलब्धता। आम तौर पर दो प्रकार के डायफ्राम उपलब्ध होते हैं। क्या आप इस विधि का प्रयोग करना चाहेंगी? आप जिस जगह रहती हैं वहां क्या उपलब्ध के बारे में जानने के लिए “Methods in my country” खंड देखें।

एलर्जी की समस्या। यदि आपको सिलिकॉन या शुक्राणुरोधी मलहम (शुक्राणुनाशक) से एलर्जी है तो आपको डायफ्राम का प्रयोग नहीं करना चाहिए।

गर्भ धारण संबंधी प्रश्‍न डायफ्राम का प्रयोग करना बंद करने के तुरंत बाद ही आप गर्भवती होने में सक्षम हो जाएंगी। यदि आप गर्भवती नहीं होना चाहतीं तो डायफ्राम का प्रयोग करना बंद करते ही अन्य गर्भनिरोधक विधि का प्रयोग शुरु कर दें।

प्रयोग कैसे करें

डायफ्राम को यौन संबंध बनाने से तुरंत पहले भी लगाया जा सकता है। आप इसे कुछ घंटे पहले भी लगा सकती हैं। इसे कब लगाया गया है, यह मायने नहीं रखता। आपको बस यह सुनिश्चित करना होता है कि यौन संबंध बनाने के कम–से–कम 6 घंटे बाद तक आप उसे न निकालें। यदि आप उसी दिन फिर से यौन संबंध बनाने जा रही हैं तो डायफ्राम को लगा रहने दें और अपनी योनि में थोड़ा सा शुक्राणुरोधी मलहम और डाल लें। अपने डायफ्राम को 24 घंटे से अधिक समय तक न लगा रहने दें।

लगाने से पहले। डाफ्राम के भीतरी हिस्से में करीब 5मिली शुक्राणुरोधी मलहम लगाएं। रिम के चारो तरफ थोड़ा सा फैलाएं (बहुत अधिक नहीं, वर्ना यह बहुत अधिक फिसलन वाला हो जाएगा)। कुछ शुक्राणुरोधी मलहम विकल्प सिर्फ डायफ्राम के लिए ही बने होते हैं और एप्लीकेटर के साथ मिलते हैं। यदि छह घंटे के भीतर आप एक से अधिक बार यौन संबंध बनाने जा रही हैं तो इसका प्रयोग कर सकती हैं (आपको अतिरिक्त शुक्राणुरोधी मलहम लगाना होगा)। फिल्म या इंसर्ट/सपोजिटरी के अलावा कोई भी गर्भनिरोधक जेल या शुक्राणुरोधी मलहम काम करेगा। समाप्त होने की तिथि देखना न भूले। यदि उसकी तिथि समाप्त हो चुकी है तो आपको नया शुक्राणुरोधी मलहम खरीदना पड़ेगा।

भीतर कैसे लगाएं। डायफ्राम को लगाना उतना मुश्किल नहीं जितना की लगता है। इसे लगाने के चरण इस प्रकार हैं–

    1. अपने हाथों को साबुन और पानी से साफ करें। बिना किसी चीज़ को छुए खुली हवा में हाथों को सुखाएं।

    2. डायफ्राम में कोई छेद या कमजोर स्थान तो नहीं, इसकी जांच करें। जांचने के लिए उसमें साफ पानी भरना अच्छा तरीका है– यदि वह रिस रहा हो, तो उसमें छेद है। आपके डायफ्राम में छेद होने का मतलब है वह सही तरीके से काम नहीं कर रहा और आप गर्भवती हो सकती हैं।

    3. कप में करीब 5 मिली शुक्राणुरोधी मलहम डालें। रिम के आस–पास भी थोड़ा फैला दें।

    4. बैठ कर या खड़ी अवस्था में, अपने पैरों को फैलाएं।

    5. अपनी योनि के बाहरी हिस्से को एक हाथ से अलग करें। दूसरे हाथ से डायफ्राम के रिम को पकड़ें और उसे आधा मोड़ दें।

    6. मोड़ के बीचों– बीच अपनी मध्यमा उंगली रखें ताकि डायफ्राम पर आपकी पकड़ी अच्छी हो सके। (आप शुक्राणुरोधी मलहम को स्पर्श करेंगी)

    7. डायफ्राम को अपनी योनी में जितना उपर और पीछे की तरफ डाल सकें, डाल दें। सुनिश्चित करें कि आपका गर्भाशय ग्रीवा ढंक गया है।

दुबारा यौन संबंध बनाना है? यौन संबंध बनाने के 6 घंटे बाद तक आपको डायफ्राम योनि में ही छोड़ना होगा। यदि आप उन 6 घंटे को भीतर दूसरी बार यौन संबंध बनाती हैं तो सबसे पहले थोड़ा और शुक्राणुरोधी मलहम डालें। आपके द्वारा अंतिम बार बनाए गए यौन संबंध के समय से शुरु करते हुए 6 घंटे का समय फिर से शुरु हो जाएगा।

इसे बाहर कैसे निकालें। इस प्रकार करें:

    1. अपने हाथों को फिर से धोएं। साबुन और पानी का प्रयोग करें। बिना किसी चीज को छूए अपने हाथों को हवा में सूखने दें।

    2. अपनी योनी में तर्जनी उंगली डालें और डायफ्राम के रिम को उपर से पकड़ें।

    3. डायफ्राम को नीचे की तरफ खींचें और बाहर निकाल लें।

क्या आपको परेशानी हुई? इंसर्टर के बारे में अपने डॉक्टर से पूछें या किसी अन्य विधि को अपनाने पर विचार करें।

अंत में, अपने डायफ्राम का अच्छा ध्यान रखें क्योंकि यह वर्षों तक काम करता है।

  1. बाहर निकालने के बाद, इसे सौम्य साबुन एवं गर्म पानी से धोएं।

  2. सूखने दें

  3. अपने डायफ्राम पर तेल युक्त स्नेहकों (जैसे वैसलीन, लोशन या कोल्ड क्रीम) या पाउडर का प्रयोग न करें।

टिप्स और तरकीब

जब आप डायफ्राम डालें, तो सुनिश्चित करें कि शुक्राणुरोधी मलहम का ज्यादातर हिस्सा मोड के भीतर हो, जहां वह सबसे अधिक प्रभावी होगा।

दुष्प्रभाव

प्रत्येक व्यक्ति अलग होता है। आपने जो अनुभव किया वही दूसरा भी करे ऐसा जरूरी नहीं है।

सकारात्मक पक्ष। डायफ्राम के बारे में ऐसी कई बातें हैं जो आपके शरीर के साथ– साथ यौन जीवन के लिए भी अच्छी हैं।

  • आप डायफ्राम पहले ही लगा सकते हैं।

  • डायफ्राम लगाने के बाद आप जितनी बार चाहें उतनी बार यौन संबंध बना सकते हैं (जब तक आप हर बार शुक्राणुरोधी मलहम लगाती रहें)

  • न तो आपको न ही आपके पार्टनर को इसे महसूस करना चाहिए।

  • यह हार्मोन मुक्त होता है

  • यह श्रोणी सूजन की बीमारी और ट्यूबल इंफर्टिलिटी (नली संबंधी बांझपन) के जोखिम को कम करता है।

  • स्तनपान कराने के दौरान प्रयोग किया जा सकता है।

नकारात्मक पक्षः

  • कुछ महिलाओं को डायफ्राम लगाने में बहुत परेशानी होती है।

  • इससे योनि में जलन महसूस हो सकती है।

  • कुछ महिलाओं को अक्सर मूत्रामार्ग में संक्रमण हो जाता है।

  • आपको प्रत्येक बार यौन संबंध बनाते समय इसका प्रयोग करना होगा, चाहे कुछ भी हो।

  • यदि आपको शुक्राणुरोधी मलहम या सिलिकॉन से एलर्जी है तो आपको डायफ्राम का प्रयोग नहीं करना चाहिए।

  • बड़े लिंग, लिंग को अधिक दबाव के साथ योनि में प्रवेश कराने या विशेष यौन स्थितियों में यह अपने स्थान से हट सकता है।

  • इसके लिए आपके डॉक्टर के पर्ची की आवश्यकता होती है।

  • यदि आपने शराब पी हुई है तो इसका प्रयोग करना याद रखना मुश्किल है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्‍न

हम यहां आपकी मदद करने के लिए हैं। यदि आपको अभी भी अच्छा महसूस नहीं हो रहा तो हमारे पास अन्य विधियां भी हैं। सिर्फ याद रखें: यदि आपने विधियों को बदलने का निर्णय ले लिया है तो परिवर्तन काल के दौरान खुद को सुरक्षित रखना सुनिश्चित करें। आपकी आवश्यकताओं के अनुसार विधि ढूंढ़ने के दौरान कॉन्डोम अच्छी सुरक्षा प्रदान करते हैं। डायफ्राम से जलन हो रही हो तो क्या करूँ?

  • जलन शुक्राणुरोधी मलहम से एलर्जी होने के कारण हो सकती है। यदि जलन मामूली है तो अन्य प्रकार के शुक्राणुरोधी मलहम का प्रयोग करें।

  • अभी भी काम नहीं कर रहा? यदि अलग प्रकार के शुक्राणुरोधी मलहम का प्रयोग करने का बाद जलन बहुत बढ़ जाती है या होती रहती है तो ऐसी विधि को आजमाने पर विचार करें जिनमें इसकी आवश्यकता न हो।

  • अलग विधि आजमाएं: इम्प्लान्ट, आईयूडी,पट्टी(पैच) , पिल, छल्ला (रिंग), टीका

यदि डायफ्राम को लगाना और/या निकालना मुश्किल हो तो?

  • अभ्यास के साथ यह आसान हो सकता है। यदि आपने अभी तक इसके प्रयोग के बारे में हमारे खंड को नहीं पढ़ा है तो आप उसे पढ़ना चाहेंगी।

  • अभी भी काम नहीं कर रहा? यदि अभ्यास से भी मदद नहीं मिल रही तो आपको संभवतः ऐसी विधि को चुनना चाहिए जिसमें आपको अपने शरीर में किसी चीज को डालने की जरूरत न पड़े। यदि आप वास्तव में बाधा विधि का प्रयोग जारी रखना चाहती हैं तो ऐसे विकल्प को चुनें जिसमें आपको अपने भीतर कुछ न लगाना पड़े जैसे, बाहरी कॉन्डोम (पुरुष)

  • अलग विधि आजमाएं: इम्प्लान्ट, आईयूडी, कॉन्डोम, पट्टी(पैच), गोली, छल्ला (रिंग), टीका

मुझे बार– बार मूत्रमार्ग में संक्रमण क्यों हो जाता है?

  • कुछ महिलाओं को डायफ्राम के प्रयोग से मूत्रमार्ग में संक्रमण हो जाता है। डायफ्राम लगाने से पहले यदि आप मूत्र विसर्जन कर लें तो आपको मदद मिल सकती है। यौन संबंध बनाने के बाद फिर से मूत्र विसर्जन करें।

  • आपका डायफ्राम सही तरीके से लगा है इसे सुनिश्चित करने के लिए आप अपने डॉक्टर से भी मिल सकती हैं।

  • अभी भी काम नहीं कर रहा? यदि अब भी आपको मूत्रमार्ग में संक्रमण है और आप विधि बदलना चाहती हैं तो ऐसी विधि पर विचार करें जिसमें आपको प्रत्येक बार यौन संबंध बनाने से पहले खुद के भीतर कुछ डालना न पड़े।

  • अलग विधि आजमाएं: प्रत्यारोपण, आईयूडी, पट्टी (पैच), गोली, टीका